हरिद्वार

सेवा, समर्पण और मानवता भारतीय संस्कृति की पहचान है-महंत बिष्णु दास जी महाराज

श्रीगुरू सेवक निवास में काॅवड़ मेला सेवा शिविर का शुभारम्भ,लगातार जारी है शिवभक्तों की सेवा

वरिष्ठ पत्रकार श्रवण झा

हरिद्वार। श्रावण मास के काॅवड़ मेला शुरू होने के साथ ही प्रसिद्व अध्यात्मिक संस्था उछाली आश्रम द्वारा भी काॅवड़ सेवा शिविर प्रारम्भ कर दिया गया। शुक्रवार सांयकाल पूजा अर्चना के साथ शुरू शिविर में शनिवार को दिनभर सैकड़ों शिवभक्तों की निस्वार्थ भाव से सेवा की जा रही है। शिविर में कांवड़ियों के लिए निःशुल्क भोजन, शुद्ध पेयजल, चाय, फल, वितरण की समुचित व्यवस्था की गई है। ललतारौ पुल के निकट स्थित उछाली आश्रम में बड़ी संख्या में शिवभक्त काॅवड़ियों को भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। इस दौरान काॅवड़ियों से काॅवड़ मेला के लिए प्रशासन द्वारा जारी नियमों का पालन करने के अलावा गंगा की निर्मलता,स्वच्छता को लेकर भी जागरूक किया जा रहा है। श्रीगुरू सेवक निवास में जारी शिविर में श्री महंत विष्णु दास ने कहा, कांवड़ यात्रियों की सेवा करना भगवान भोलेनाथ की सच्ची आराधना है। उन्होंने कहा कि सेवा, समर्पण और मानवता भारतीय संस्कृति की पहचान हैं तथा श्रावण मास में शिवभक्तों की सेवा करना सौभाग्य का विषय है। श्रावण मास में लाखों शिवभक्त कठिन तप और श्रद्धा के साथ गंगाजल लेकर अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान करते हैं।ऐसे में उनकी सेवा करना हमारा आध्यात्मिक और सामाजिक दायित्व है। उछाली आश्रम वर्षों से सेवा, समर्पण और मानव कल्याण की भावना के साथ कांवड़ सेवा शिविर का संचालन कर रहा है। हमारा प्रयास है कि प्रत्येक शिवभक्त को भोजन, शुद्ध पेयजल,जैसी आवश्यक सुविधाएं सहज रूप से उपलब्ध हों। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से कांवड़ यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, यातायात नियमों का पालन करने, स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने तथा पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान देने की अपील की। उन्होंने शिवभक्तों की सेवा में जुटे सभी स्वयंसेवकों के समर्पण और सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है। शिविर में बड़ी संख्या में स्वयंसेवक दिन-रात सेवा कार्यों में जुटे हुए हैं। इस अवसर पर संतों ने कांवड़ यात्रियों से यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, यातायात नियमों का पालन करने तथा पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि श्रद्धा के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारियों का निर्वहन भी प्रत्येक शिवभक्त का कर्तव्य है। शिवभक्त काॅवड़ियों की सेवा में महंत सीताराम दास,महंत कन्हैया दास,सुभाष पंजवानी,राघवेन्द्र दास,सुरेश खेड़ा,रमेश खनेजा सहित आश्रम के सेवादार लगातार जुटे हुए है

 

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!