हरिद्वार

आईटीसी मिशन सुनहरा कल एवं श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के संयुक्त तत्वावधान में विश्व जल दिवस–2026 पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन 

 

प्रधान संपादक कमल मिश्रा 

हरिद्वार। सरकार के चार साल बेमिसाल कार्यक्रम की कड़ी में आईटीसी मिशन सुनहरा कल एवं श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के संयुक्त तत्वावधान में विश्व जल दिवस–2026 पर भव्य एवं प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित

जिला आपदा प्रबंधन सभागार में आईटीसी मिशन सुनहरा कल एवं श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम के संयुक्त तत्वावधान में विश्व जल दिवस–2026 के उपलक्ष्य में एक भव्य, गरिमामय एवं प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जल संरक्षण, स्वच्छता एवं सामाजिक सहभागिता के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना रहा, जिसमें समाज के विभिन्न वर्गों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।

इस विशेष अवसर पर शिवालिक नगर वार्ड में कार्यरत मोहल्ला समितियों की महिलाओं, स्वच्छता कार्य में संलग्न स्वच्छ दूतों, विद्यालयों के छात्र-छात्राओं तथा स्वच्छता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कर्मियों को सम्मानित किया गया। सम्मान समारोह ने न केवल प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया, बल्कि समाज में सकारात्मक कार्यों को पहचान देने की प्रेरणा भी दी। सम्मानित व्यक्तियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए स्वच्छता एवं जल संरक्षण के प्रति अपने संकल्प को दोहराया।

कार्यक्रम में जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी, शिवालिक नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी  तारीख खान एवं स्वच्छता नोडल अधिकारी तथा स्वजल परियोजना प्रबंधक चंद्र मणि त्रिपाठी ने मुख्य अतिथि के रूप में सहभागिता की। उन्होंने अपने संबोधन में जल संरक्षण, स्वच्छता अभियान एवं प्रभावी जल प्रबंधन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वर्तमान समय में जल संकट एक गंभीर चुनौती के रूप में उभर रहा है, जिससे निपटने के लिए सामूहिक प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं। उनके विचारों ने उपस्थित जनसमूह को गहराई से प्रेरित किया।

विश्व जल दिवस प्रतिवर्ष 22 मार्च को मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य जल के महत्व को समझाना एवं इसके संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना है। वर्ष 2026 की थीम *“जल एवं लैंगिक समानता”* रही, जो यह दर्शाती है कि जल प्रबंधन में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। विशेषकर ग्रामीण एवं अर्ध-शहरी क्षेत्रों में महिलाएं जल संग्रहण, उपयोग एवं संरक्षण की मुख्य आधार होती हैं, इसलिए उनके सशक्तिकरण के बिना जल संरक्षण के प्रयास अधूरे हैं।

कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने वर्षा जल संचयन, जल का समुचित उपयोग, स्वच्छता बनाए रखने तथा सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देने जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की। यह भी बताया गया कि यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने स्तर पर जल बचाने का संकल्प ले, तो आने वाली पीढ़ियों के लिए जल संकट को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

समाज में परिवर्तन की दिशा में सराहनीय पहल

आईटीसी मिशन सुनहरा कल एवं श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम द्वारा स्वच्छता एवं शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्य न केवल सराहनीय हैं, बल्कि समाज में सकारात्मक एवं स्थायी परिवर्तन लाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इन संस्थाओं द्वारा महिलाओं, युवाओं एवं समुदाय के अन्य वर्गों को जोड़कर जागरूकता फैलाने का कार्य निरंतर किया जा रहा है, जो समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। इस कार्यक्रम में *राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय अन्नैकी एवं राजकीय प्राथमिक विद्यालय नवोदय नगर* के छात्रों द्वारा जो की *चाइल्ड कैबिनेट* के सदस्य हैं ने जल संरक्षण के ऊपर अपने विचार रखें जिन्होंने जिन्हें उपस्थित जन समुदाय द्वारा सराहा गया।

 

कार्यक्रम का समापन सभी उपस्थित जनों द्वारा जल संरक्षण एवं स्वच्छता बनाए रखने की सामूहिक शपथ के साथ हुआ। यह आयोजन न केवल ज्ञानवर्धक रहा, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी एवं सहभागिता की भावना को भी सुदृढ़ करने में सफल सिद्ध हुआ।

इस कार्यक्रम में आईटीसी मिशन सुनहरा कल द्वारा समर्थित संस्थाएं प्रथम एजुकेशन फाऊंडेशन, लोकमित्र, प्रथम इन्फोटेक, मैजिक बस फाउंडेशन, बंधन कोननगर, के कार्यकर्ताओं द्वारा सक्रिय भागीदारी निभाई गई।

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