जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम के तहत बलुवाकोट में बहुउद्देशीय जनसेवा शिविर आयोजित
जिलाधिकारी ने सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं, अधिकांश शिकायतों का मौके पर किया निस्तारण

उत्तराखंड उवाच ब्यूरो

पिथौरागढ़, 06 जुलाई 2026।
राज्य सरकार के ‘सेवा, सुशासन एवं समर्पण – जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम के अंतर्गत सोमवार को विकासखंड धारचूला के बलुवाकोट स्थित राजकीय इंटर कॉलेज परिसर में जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में बहुउद्देशीय जनसेवा शिविर एवं जनसुनवाई का आयोजन किया गया। शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर आमजन को सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र लाभार्थियों को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया गया।
जनसुनवाई के दौरान क्षेत्रवासियों ने सड़क, पेयजल, विद्युत, स्वास्थ्य, शिक्षा, राजस्व, सिंचाई, कृषि, राशन कार्ड, मनरेगा, वन, दूरसंचार सहित विभिन्न स्थानीय समस्याओं से संबंधित 67 शिकायतें जिलाधिकारी के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से सुनते हुए अधिकांश समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण कराया तथा शेष मामलों के त्वरित एवं समयबद्ध समाधान के लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
जनसुनवाई को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने कहा कि ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ कार्यक्रम का उद्देश्य प्रशासन को आमजन के द्वार तक पहुंचाकर उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि प्रथम चरण की सफलता के बाद सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत द्वितीय चरण में उन क्षेत्रों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जहां पूर्व में शिविर नहीं लग सके थे।
उन्होंने युवाओं से स्वरोजगार एवं सरकारी योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने का आह्वान करते हुए कहा कि प्रत्येक शिकायत एवं सुझाव का पारदर्शिता एवं समयबद्धता के साथ निस्तारण किया जाएगा। इसके लिए विकास भवन में एक विशेष कण्ट्रोल रूम स्थापित किया गया है तथा सभी विभागों को निर्धारित समयसीमा के भीतर शिकायतों का समाधान कर शिकायतकर्ताओं को अवगत कराने के निर्देश दिए गए हैं।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को विकास कार्यों में उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा ग्राम सभाओं एवं स्थानीय समितियों की सक्रिय भागीदारी से जनसमस्याओं के समाधान एवं विकास कार्यों की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी जनता की समस्याओं को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए कार्य करें तथा पात्र व्यक्तियों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ दिलाना सुनिश्चित करें।
शिविर के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, स्वास्थ्य परीक्षण, कृषि एवं उद्यानिकी परामर्श, पशुपालन सेवाएं, बैंकिंग सुविधाएं, स्वरोजगार योजनाओं की जानकारी तथा विद्युत एवं पेयजल संबंधी शिकायतों के निस्तारण सहित अनेक सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। साथ ही विभिन्न योजनाओं के लिए पात्र लाभार्थियों से आवेदन भी प्राप्त किए गए।
इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों ने सीमांत क्षेत्रों में आयोजित जनसेवा शिविरों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से आमजन की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर त्वरित समाधान हो रहा है तथा शासन-प्रशासन के प्रति लोगों का विश्वास और अधिक सुदृढ़ हुआ है।
कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी रमा गोस्वामी, उप जिलाधिकारी धारचूला आशीष जोशी, खंड विकास अधिकारी धारचूला ललित गोस्वामी सहित जिला स्तरीय अधिकारी, विभिन्न विभागों के कर्मचारी, जनप्रतिनिधि, ग्राम प्रधान तथा बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।



