राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय कटारपुर में व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत विद्यार्थियों ने किया कौशल उन्नयन का प्रदर्शन

प्रधान संपादक कमल मिश्रा

हरिद्वार। कटारपुर स्थित राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में एक्सपोज़र ऑफ़ वोकेशनल एजुकेशन कार्यक्रम के अंतर्गत कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों द्वारा अपने-अपने कौशल का प्रभावशाली प्रदर्शन किया गया। विद्यार्थियों ने अपनी रुचि के अनुसार विभिन्न स्टॉल लगाए, जिनमें कुम्हार कारीगरी, सिलाई-कटाई, टॉर्च रिपेयरिंग, ब्यूटी पार्लर, मोबाइल लाइट मरम्मत, साइकिल रिपेयरिंग, फलों की चाट सहित अनेक उपयोगी एवं व्यावहारिक कौशलों का प्रदर्शन किया गया।

यह कार्यक्रम जिला शिक्षा अधिकारी के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं में विशेष उत्साह और आत्मविश्वास देखने को मिला। बच्चों ने अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और कौशल के माध्यम से यह दर्शाया कि विद्यालय स्तर पर दी जा रही व्यावसायिक शिक्षा उनके भविष्य के लिए कितनी उपयोगी सिद्ध हो सकती है।

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने विद्यार्थियों का निरंतर मार्गदर्शन किया और उनके प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें प्रोत्साहित किया। शिक्षकों के मार्गदर्शन और प्रेरणा से छात्र-छात्राओं में अत्यधिक उत्साह देखने को मिला तथा उन्होंने पूरे आत्मविश्वास के साथ अपने कौशल का प्रदर्शन किया।

इस अवसर पर कटारपुर गांव के प्रधान, स्थानीय महिलाएं, अभिभावक तथा स्कूल मैनेजमेंट कमेटी (एसएमसी) के पदाधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने बच्चों की प्रतिभा और उनके द्वारा प्रदर्शित कौशल की भूरी-भूरी प्रशंसा की और इस पहल को शिक्षा के साथ-साथ कौशल विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम के दौरान यह भी बताया गया कि श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम द्वारा M3M Foundation के सहयोग से कौशल उन्नयन एवं समावेशी शिक्षा का कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है, जिसके माध्यम से विद्यार्थियों को व्यावहारिक शिक्षा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्य संध्या रानी , शिक्षिकाएं मनोरमा , मोनिका मल्होत्रा तथा शशि , समस्त शिक्षकगण, गांव के गणमान्य नागरिक तथा अभिभावक उपस्थित रहे।
श्री भुवनेश्वरी महिला आश्रम की ओर से वरिष्ठ परियोजना प्रबंधक डॉ. पंत, स्कूल मोटीवेट भुवन जोशी तथा पूजा नागपाल ने कार्यक्रम में सहभागिता की और विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रशासन ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों के भीतर कौशल विकास, आत्मनिर्भरता और आत्मविश्वास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं तथा भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे।




